अंबेडकरनगर। 23 सितंबर, 2026
जिले के जलालपुर थाना क्षेत्र में एक आश्चर्यजनक मामला सामने आया है। एक व्यक्ति ने जमीन खरीदने के लिए विपक्षीगण को 23 लाख रुपए का भुगतान भी कर दिया। जमीन तो मिली नहीं, बड़ी मुश्किल से 20 लाख 19 हजार वापस मिला। लेकिन विपक्षीगण ने 2,81,000 वापस करने के बजाए उसे हड़प लिया। अब पीड़ित व्यक्ति ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती प्रार्थना पत्र देकर एफआईआर दर्ज करने व हडपे हुए पैसे को वापस दिलाने की मांग की है।
बताया जाता है कि महेंद्र कुमार पुत्र वंशूराम निवासी ग्राम पठानपुर (उफरौली), थाना जलालपुर, ने अपनी पत्नी गीता देवी के नाम आवासीय भूखण्ड 1000 वर्गफिट स्थित ग्राम मंगुराडिला, जलालपुर रोड पर विपक्षीगणों से क्रय करने के लिए मु०- 23 लाख में तय हुआ था। जिसका संपूर्ण भुगतान राजकुमार पुत्र नेहरू लाल निवासी ग्राम अगरपुर मजंगवा, रामदरश पुत्र निर्धुन निवासी ग्राम फखरपुर, राजबली, गमउजागिर पुत्रगण पूदई निवासी ग्राम मंगुराडिला को दिया गया था।
उपरोक्त चारों लोग स्टाम्प लिखने के बाद योजना बद्ध ढंग से बेईमानी व छल प्रपंच व कूट रचना करके पीड़ित महेंद्र कुमार द्वारा दिए गए धनराशि को हड़पने की नीयत से आपस में विवाद करके बैनामा नहीं किया। पीड़ित महेंद्र कुमार के द्वारा पुलिस विभाग व उच्च अधिकारियों को दिए गए प्रार्थना पत्रों के आधार पर मु०- 20 लाख 19 हजार रुपया विपक्षीगणों ने वापस कर दिया।
खास बात यह है कि गोविन्द प्रसाद पुत्र धनूराम निवासी ग्राम मंगुराडिला द्वारा 2,15,000 रुपये का भुगतान किया गया तथा शेष पैसे का भुगतान करने की जिम्मेदारी गोविन्द प्रसाद द्वारा ही ली गई थी। जो आज तक नहीं दिया, शेष धनराशि 2,81,000 हड़पने की नीयत से विपक्षीगण प्रार्थी को वापस नहीं कर रहे हैं। पैसा मांगने पर गाली गलौज व जान से मार डालने की धमकी दे रहे हैं। जिसके सम्बन्ध में पीड़ित महेंद्र कुमार ने 03 सितंबर 2026 को प्रार्थना पत्र और 18 सितंबर को रिमाइंडर लेटर जरिए स्पीड पोस्ट पुलिस अधीक्षक के समक्ष दिया था, परन्तु थाना जलालपुर पुलिस के द्वारा कोई विधिक कार्यवाही अब तक किए जाने की कोई सूचना नहीं है। पीड़ित को न्याय दिलाने के मामले में जलालपुर पुलिस की भूमिका काफी अहम है। अब किस करवट बैठेगा ऊंट यह तो आने वाला समय ही बताएगा।










































