किछौछा शरीफ/अम्बेडकरनगर 24 मार्च, 2026
नौशाद खां अशरफी/ चिराग शाह
देश-विदेश व अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त सूफी संत हजरत मखदूम अशरफ की मुक़द्दस किछौछा दरगाह में भारत के मशहूर कव्वाल हाजी तस्लीम आरिफ ने हाजिरी दी। इस मौके पर दुनिया भर में अपनी रूहानी आवाज़ व बेहतरीन कव्वाली के लिए शोहरत हासिल करने वाले हाजी तस्लीम आरिफ ने हजरत मखदूम अशरफ के मजार मुबारक पर मखमली चादर चढ़ाई, अकीदत के फूल गुलाब व खुशबू के तौर पर इत्र वगैरह पेश किया। हाजी तस्लीम आरिफ ने मुल्क हिन्दुस्तान की खुशहाली, पूरे विश्व में अमन-चैन व इंसानी हमदर्दी के लिए दुआएं मांगी।
मशहूर कव्वाल हाजी तस्लीम आरिफ की यहां आमद पर चिराग शाह, मोहम्मद अयूब और अरमान खान ने अगवानी करते हुए सिर पर चादर की पगड़ी बांध कर उनका गर्मजोशी से इस्तकबाल किया। जियारत के बाद मशहूर कव्वाल ने बताया कि सूफी संत हजरत मखदूम अशरफ की दरगाह पर जियारत करने के बाद उन्हें काफी सुकून मिला है। हाजी तस्लीम आरिफ ने यह भी बताया कि वास्तव में किछौछा दरगाह रूहानी इलाज का बहुत बड़ मरकज ( केंद्र ) है। खास बात यह है कि तस्लीम आरिफ भारत में ही नहीं अरब देश समेत पूरे विश्व में सूफी कव्वाली और स्टोरी बेस्ड वाक्या कव्वाली में अपनी खास शोहरत व पहचान के लिए जाने जाते हैं।










































